ड्यूटी पर हैं ‘बुलडोजर बाबा’, गाजियाबाद के SSP और सोनभद्र के DM को किया गया सस्पेंड

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सीएम पद की शपथ लेने के बाद एक्शन में हैं. वह लगातार दूसरी बार सूबे की सत्ता पर काबिज हुए हैं. अपने दूसरे कार्यकाल के शुरुआती दौर में उन्होंने कई अधिकारियों के खिलाफ कड़े फैसले लिए हैं. सीएम योगी ने भ्रष्टाचार और ढिलाई के आरोप में जिलाधिकारी सोनभद्र टीके शिबू और गाजियाबाद के एसएसपी को निलंबित कर दिया है. न केवल मुख्यमंत्री बल्कि उनके मंत्रिपरिषद ने भी अपने-अपने विभागों का कार्यभार संभालने के तुरंत बाद जमीन पर काम करना शुरू कर दिया है.

यूपी के सीएम ने अपनी दूसरी पारी की शुरुआत ढीले अधिकारियों पर कार्रवाई करके की है. नए मंत्रियों को जहां 100 दिन का एजेंडा सौंपा गया है, वहीं गुरुवार को भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत मुख्यमंत्री ने सोनभद्र के डीएम टीके शिबू और गाजियाबाद के एसएसपी पवन कुमार को निलंबित कर दिया.

सोनभद्र के डीएम को खनन और निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार और चुनाव के दौरान ठीक से काम नहीं करने के कारण निलंबित कर दिया गया है, जबकि गाजियाबाद के एसएसपी को कर्तव्यों का पालन न करने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है.

आरोपों की जांच करेंगे दीपक अग्रवाल

चंद्रविजय सिंह को सोनभद्र का नया डीएम बनाया गया है. राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि टीके शिबू पर लगे आरोपों की जांच वाराणसी संभाग के आयुक्त दीपक अग्रवाल को सौंपी गई है. उन्होंने बताया कि टीके शिबू के खिलाफ लगातार अवैध खनन की शिकायतें मिल रही थीं.

गाजियाबाद के एसएसपी के खिलाफ अपराध रोकने में असमर्थता और कर्तव्यों के निर्वहन में ढिलाई बरतने पर कार्रवाई की गई. एक दिन में एक आईएएस और एक आईपीएस अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई कर सीएम ने कड़ा संदेश दिया है कि वह अपने दूसरे कार्यकाल में भी भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई जारी रखेंगे.

इससे पहले गुरुवार को उपमुख्यमंत्री और यूपी के स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने लखनऊ के सिविल अस्पताल का औचक निरीक्षण किया. ब्रजेश पाठक ने अस्पताल में आम लोगों के लिए व्यवस्थाओं और सेवाओं का जायजा लिया और अस्पताल में व्हीलचेयर के रखरखाव के आदेश दिए और सिविल अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों के साथ बैठक भी की.

बिजली मंत्री एके शर्मा ने बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों के लिए स्थापित 1912 कॉल सेंटर का दौरा किया, उन्होंने यह भी आदेश दिया कि बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों को 24 घंटे सुना जाए और जल्द से जल्द उनका समाधान किया जाए. बिजली मंत्री ने यूपी विधानसभा के सब स्टेशन का भी दौरा किया. एके शर्मा ने पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों को अगले 100 दिनों की कार्ययोजना बनाकर उस पर काम करने को भी कहा.