बिहार कैडर के आईपीएस और खाकी द बिहार चैप्टर वेब सीरीज के रियल हीरो आईजी अमित लोढ़ा की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही है। कोर्ट ने स्पेशल विजिलेंस यूनिट (एसवीयू) को यह निर्देश दिया है कि इनकी जीवनी पर आधारित किताब पर वेब सिरीज बनाने वाली प्रोडक्शन कंपनी फ्राइडे स्टोरी टेलर एलएलपी से अवैध तरीके से पैसे अर्जित करने के मामले में अगले छह महीने में जांच पूरी कर चार्जशीट दाखिल करें ।

एसवीयू अमित लोढ़ा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में मुकदमा दर्ज कर जांच कर रही है। सूत्रों के अनुसार एसवीयू की जांच में कई तथ्य सामने आए हैं जिससे अमित लोढ़ा की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।

1998 बैच के बिहार कैडर के आईपीएस अमित लोढ़ा वही आईपीएस अफसर हैं जिनकी किताब बिहार डायरी पर नेटफ्लिक्स ने ‘खाकी: द बिहार चैप्टर’ नाम से वेब सीरीज बनाई है। यही बेव सिरीज अब लोढ़ा के गले की फांस बन गई है। स्पेशल विजिलेंस यूनिट (एसवीयू) ने अमित लोढ़ा के खिलाफ वर्ष 2022 में भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया था।

उधर, मामले की जांच चल रही है। इसी बीच अपने खिलाफ एसवीयू की एफआईआर रद्द कराने के लिए लोढ़ा ने पटना हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। हालांकि एसवीयू की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने लोढ़ा को राहत तो नहीं दी, अलबत्ता एसवीयू को निष्पक्ष तरीके से जांच करने को लेकर हरी झंडी दे दी है।