Bihar Crime State TOP NEWS

मासूम की बेरहमी से हत्या कर शव छिपाने वाली दो महिलाओं को उम्रकैद

स्पीडी ट्रायल के तहत हत्या का अपराध प्रमाणित होने पर सिविल कोर्ट के एडीजे-3 रजनीश कुमार श्रीवास्तव ने शनिवार को दो महिला को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
सजा पानेवालों में चुन्नी परवीन (26 वर्ष) भरगामा बैजूपट्टी तकिया टोला की रहने वाली है, जबकि सायरा बानो (65 वर्ष) सुपौल जिले के छातापुर रजवारा की रहने वाली है। न्यायाधीश ने दोनों दोषी महिलाओं को धारा 302/34 में आजीवन कारावास और 50-50 हजार रुपये अर्थ दंड तथा अर्थदंड की राशि जमा नहीं करने पर एक वर्ष अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतने का आदेश दिया है। वहीं धारा 201/34 में पांच वर्ष सश्रम कारावास व 25-25 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। जुर्माना राशि नहीं देने पर छह माह अतिरिक्त कारावास की सजा होगी।
घटना के संबंध में अपर लोक अभियोजक संजय कुमार मिश्रा ने बताया 15 मई 2015 की शाम चार बजे दोनों महिलाओं ने मिलकर जलाल मुखिया के आमबाड़ी में बीबी मेहरू निशा के छह वर्षीय बेटे दिलखुश की हत्या कर शव को जलाल मुखिया के भूसा घर में छिपा दिया था। बाद में दोनों ने लाश को वहां से निकालकर जलाल मुखिया के खेत में छिपा दिया था। चुन्नी परवीन की स्वीकारोक्ति बयान पर पुलिस ने शव बरामद किया था। बीबी मेहरू निशा के आवेदन पर दोनों महिलाओं के खिलाफ भरगामा थाना कांड संख्या 84/17 दर्ज किया गया। सजा के बिन्दु पर बचाव पक्ष के अधिवक्ता अरुण कुमार मंडल थे।

Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *