लखीसराय गोलीकांड में सामने आया आशीष का लिखा नोट,लिखा- तांडव होगा

बिहार के लखीसराय में एक ही परिवार के छह लोगों को गोली मारने में पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है. सोमवार (20 नवंबर) की सुबह कबैया थाना क्षेत्र में हुई इस गोलीकांड में अब तीसरी मौत हो गई है. गोलीकांड में घायल दुर्गा झा (24 साल) का पीएमसीएच में इलाज चल रहा था. इलाज के दौरान दुर्गा झा ने दम तोड़ दिया. अब परिवार के तीन सदस्यों का इलाज चल रहा है.

दुर्गा झा से पहले सोमवार को दो भाइयों की मौत हुई थी. लवली कुमारी (38 वर्ष), प्रीति कुमारी (35 वर्ष) और शशि भूषण झा (60 वर्ष) का इलाज जारी है.

अब इस घटना को लेकर पुलिस को हत्याकांड के आरोपी आशीष चौधरी की ओर से लिखित कई पन्नों का नोट मिला है. इसमें आशीष ने कई बातें लिखी हैं. उसने लिखा है, “12 ज्योतिर्लिंग का दर्शन किया. दर्शन करते समय दिल से रोया हूं. फूट फूट कर रोया हूं. आंसू गिरे हैं मेरे बाबा के दरबार में, आगे महादेव जानें क्या होने वाला है. हमें सब कुछ स्वीकार है.”

उसने नोट में यह भी लिखा, “आज मैं 19/11/2023 को अशोक घाम गया. 30 मिनट बाबा भोलेनाथ से रिक्वेस्ट की हमें अधर्म करने से रोक लीजिए पर एक चांस दीजिए और कुछ मांगा है वो मिल गया तो ये बला टल जाएगी पर देवों के महादेव को ये पसंद नहीं, तब हमारी मृत्यु तय है और तांडव भी, हर हर महादेव. जय श्री राम.”

मर्डर के पहले लिखा- तांडव होगा

आमतौर पर लोग सुसाइड से पहले लेटर लिखते हैं, लेकिन यह मर्डर के पहले लिखी गई चिट्ठी है। अब तक इस केस में प्रेमिका समेत तीन की मौत हो चुकी है। हत्यारा आशीष चौधरी अभी तक पुलिस के हाथ नहीं लगा है, लेकिन उसकी 15 पन्नों की चिट्ठी पुलिस ने मीडिया के सामने लाई है। यह एक कॉपी में लिखी गई चिट्ठी है, जिसमें 20 नवंबर 2023 की तारीख के साथ लिखा गया है कि जो कुछ भी हुआ है या होगा उसका जिम्मेदार सिर्फ मैं हूं और कोई नहीं। चिट्ठी के अंत में उसने लिखा है कि मन को स्थिर करने के लिए तीर्थ कर आया, लेकिन अब भी शांति नहीं मिली। अब तांडव होगा।

कुछ नहीं बचा है…सबकुछ लिखा

इस चिट्ठी में 14 मार्च 2021 से अपनी मानसिक परेशानी का जिक्र करते हुए आशीष ने लिखा कि अब मेरे जीवन में कुछ नहीं बचा है। जर, जोरू, जमीन… कुछ नहीं मेरे पास। मेरे जीवन से मेरी बहुमूल्य मां चली गई, जो जड़ थी। जोरू यानी मेरी बीवी ने मेरी जिंदगी नरक बना दी। और जोरू के लिए डिप्रेशन में मैंने जमीन बेच दी। इस चिट्ठी में आशीष ने लिखा है कि उसने दुर्गा झा से कैसे प्रेम किया, कैसे पटना में उससे शादी की, कैसे उसे ज्वेलरी शोरूम में नौकरी दिलवाई। उसने यह भी लिखा है कि कैसे उसे पता चला की शादी से पहले भी दुर्गा झा का किसी और से रिश्ता था। आशीष के अनुसार उससे शादी के बाद दुर्गा का किसी तीसरे से रिश्ता उसके सामने आया तो वह टूट गया। आशीष के अनुसार दुर्गा के जिस परिवार ने बाद में उसकी शादी को स्वीकार कर लिया था, उसी परिवार के लोगों ने दूसरे लड़के के पक्ष में आकर मुझे वापस अकेला छोड़ दिया। आशीष के अनुसार जब दुर्गा ने 14 मार्च 2021 को पूरे मोहल्ले के सामने उसे गालियां दीं और यह कहा कि वह उसके साथ टाइम पास कर रही थी तो वह टूट गया।

आशीष के दो सहयोगियों को किया गया गिरफ्तार

इस पूरे मामले में पुलिस ने उमेश साव जिसने आरोपित आशीष चौधरी को हथियार उपलब्ध कराया था और राजन कुमार जिसने छठ घाट से सूचना देते हुए लाइनर का काम किया था उसे गिरफ्तार कर लिया है. वहीं अन्य से पूछताछ जारी है. अभी भी मुख्य आरोपित आशीष चौधरी पुलिस की गिरफ्त से फरार है. पुलिस की टीम उसकी गिरफ्तारी के लिए विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर रही है.